Wednesday , April 8 2020

सामाजिक दूरी ने बढ़ाई पारिवारिक निकटता : मनोहर गुप्ता

अबुलकैश डब्बल ब्यूरो
चन्दौली । कोरोना वायरस नामक बीमारी ने एक ओर जहां सामजिक दूरी का एक नया उपचार पैदा किया तो दूसरी ओर पारिवारिक निकटता को मरहम दिया है। कोरोना वायरस के प्रभाव से बचने के लिए लोग घरों में कैद है।सरकार लॉक डाउन कर लोगों सामाजिक बन्धनों से मुक्त कर पारिवारिक स्नेह में बाँध दी है। इस बीमारी से बचना है तो लोगों को अपने घरों में कैद रहें। जरूरी कार्य निपटा कर भी घर लौटना है। सरकार की यह बंदिश लोगों के सेहत स्वास्थ्य को देखकर ही है।अब लोग अपने घरों में कैद है।
रफ्तार भरी जिंदगी, फास्ट फूड भोजन, परिवार के लिए समय नहीं, दोस्तों के साथ पार्टीयो का दौर चलता रहता था। अपने परिवार और बच्चों के लिए समय नही रहा।आया बच्चों की देखभाल करती।तो पति अलग व पत्नी अलग नौकरी में व्यस्त रहती है।सामाजिक ताना बाना पारिवारिक निकटता को दूर कर दिया था। परिवार एक मकान के पिलर स्वरूप थे।जिसके कंधे पर मकान रूपी बोझ को उठता रहा।लेकिन कोई अपनी जिम्मेदारी का जिक्र नहीं कर पाता ।सभी अपने अहंकार में रहते की मेरे ही सहारे मकान टिका है।सामाजिक परिवेष में लोगों को दिलचस्पी ज्यादा थी। शाम ढलते लोग दोस्त यारो के साथ निकल पड़ते।परिवार देर रात तक आने का इंतजार करने में लगा रहता।बच्चे पढ़ाई में व्यस्त रहते।कोरोना वायरस का बढ़ता प्रभाव लोगों को मिलने जुलने पर रोक लगा दी है। वैष्विक महामारी का रूप बन रहे इस कोरोना वायरस को रोकने के लिए देश व् प्रदेश की सरकार काफी प्रयास कर रही है।प्रधन्मन्त्री ने इस वायरस के प्रभाव को समाप्त करने के लिए सामाजिक दुरी बनाने के लिए 22 मार्च को जनता कर्फ्यू का एलान किया था।जिसका जनता ने सहर्ष स्वीकार किया था।24 मार्च को प्रधानमंत्री ने पूरे देश में लॉक डाउन की घोषणा की था।इसका असर खूब दिख रहा है। बताया जाता है कि इस वायरस का उपचार मात्र सामाजिक दुरी है।आप समाज से कट कर जितना दूर रहेंगे उतना तेजी से इसका असर कम होगा। इसके लिए लोगों को अपने घरों में कैद कर के रखना होगा। 21 दिन के लिए पूरे देश में लॉक डाउन लागु है। इस दौरान लोगों को अपने घरों में कैद रखना है। समझदारी, संयम व सहयोग से इस रोग पर काबू पाया जा सकता है। सामाजिक दूरियां बढ़ानी होगी।अब इसका लोग खूब पालन कर रहे हैं। सामाजिक दूरियां बढ़ने से अब पारिवारिक निकटता बढ़ रही है।लोग आपस में अपनी बातें शेयर कर रहे है।एक रहस्यमय बीमारी ने एक अद्भुत उपचार का उदय किया है।इस उपचार में पारिवारिक एकता मरहम बन रही है।