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विकास भवन में पर्यावरण समिति व अटमा गवर्निंग बोर्ड की बैठक

31 जुलाई 2019
राहुल शुक्ला ब्यूरो

पर्यावरण प्रदूषण के कुछ दूरगामी घातक दुष्प्रभाव हैं- जिलाधिकारी


शाहजहाँपुर। जिलाधिकारी इन्द्र विक्रम सिंह की अध्यक्षता में पर्यावरण समिति व अटमा गवर्निंग बोर्ड की बैठक विकास भवन सभागार में आयोजित की गयी। बैठक में जिलाधिकारी ने कहा कि पर्यावरण प्रदूषण के कुछ दूरगामी दुष्प्रभाव हैं जो अधिक घातक हैं जैसे आणविक विस्फोटों में रेडियोधर्मिता का आनुवांषिक प्रभाव, वायुमण्डल का तापमान बढ़ना ओजोन परत की हानि भूक्षरण आदि ऐसे घातक दुष्प्रभाव हैं प्रत्यक्ष दुष्प्रभाव के रूप में जल, वायु तथा परिवेष का दूषित होना एवं वनस्पतियों का विनष्ट होना, मानव का अनेक नये रोगों से आक्रान्त होना आदि देखे जा रहे हैं। बड़े कारखानों से विषैला अपशिष्ठ बाहर निकलने से तथा प्लास्टिक आदि के कचरे से प्रदूषण की मात्रा उत्तरोत्तर बढ़ रही है। उक्त को दृष्टिगत रखते हुए शासन द्वारा जिला स्तर पर जिला पर्यावरण समिति का गठन किये जाने के हेतु निर्देषित किया गया है। समिति के अध्यक्ष जिलाधिकारी व डी.एफ.ओ. को संयोजक सदस्य तथा विभिन्न विभागों के कार्यालयाध्यक्ष इसके मेम्बर होंगे। जिलाधिकारी ने कहा कि समिति के सदस्यों द्वारा यह पता लगाया जायेगा कि पर्यावरण से सम्बन्धित कानूनों का पालन किया जा रहा है कि नहीं। इसकी रिपोर्ट विभिन्न विभागों के कार्यालयाध्यक्ष (समिति के सदस्य) जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी को देंगे। जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी द्वारा प्राप्त रिपोर्ट को वेब पोटर्ल पर अपलोड करना सुनिष्चित करेंगे। जिलाधिकारी ने कहा कि प्राप्त सूचनाओं को कम्पाइल करके एजेण्डा बिन्दु बनाकर बैठक की जाएगी। जिसकी रिपोर्ट मण्डलायुक्त को भेजी जायेगी। अटमा गवर्निंग बोर्ड की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि जब तक किसान भाई खेती के साथ पशुपालन को सहयोगी नहीं बनाते तब तक उत्तम प्रकार की खेती करना मुष्किल है। उन्होंने कहा कि प्रगतिषील किसान अपने अनुभवों को अपने किसान भाईयों में षेयर करें, ताकि उत्तम प्रकार की खेती के विषय में जानकारी मिल सके। उन्होंने यह भी कहा कि किसान भाई कृषि वैज्ञानिकों से भी तकनीकि खेती के विषय में जानकारी प्राप्त करें। ताकि किसान भाईयों की आय में बढ़ौत्तरी हो सके। उन्होंने सम्बन्धित विभाग के अधिकारियों को निर्देष दिये कि अटमा गवर्निंग बोर्ड के तहत जिन-जिन विभागों को कृषि से सम्बन्धित जागरूकता हेतु प्रचार-प्रसार गोष्ठिया, पषुपालन, मत्स्य पालन व किसान समूह को प्राप्त प्रस्ताव के अनुसार बजट दिया गया है। वह पूर्ण रूप से अपने कार्यों में लगाएॅ। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी महेन्द्र सिंह तंवर, डी.एफ.ओ. आदर्श कुमार, प्रभारी जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी दिनेश शर्मा, जिला कृषि अधिकारी सतीष पाठक सहित अन्य अधिकारीगण उपस्थित रहे।


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