Uttarakhand News : रुद्रप्रयाग में सुबह-सुबह कांपी धरती, 5.02 तीव्रता का भूकंप
sonbhadra
10:06 AM, Apr 11, 2026
उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग जिले में शनिवार तड़के भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए, जिससे लोगों में दहशत फैल गई। अचानक आए झटकों से घबराकर कई लोग अपने घरों से बाहर निकल आए.....


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जनपद न्यूज ब्यूरो
उत्तराखंड । उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग जिले में शनिवार तड़के भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए, जिससे लोगों में दहशत फैल गई। अचानक आए झटकों से घबराकर कई लोग अपने घरों से बाहर निकल आए।
जानकारी के अनुसार सुबह करीब 5 बजकर 13 मिनट 17 सेकंड पर भूकंप आया। राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र के मुताबिक भूकंप की तीव्रता रिक्टर पैमाने पर 5.02 मापी गई। इसका केंद्र रुद्रप्रयाग से लगभग 10 किलोमीटर पूर्व में स्थित था, जबकि इसकी गहराई जमीन से करीब 15 किलोमीटर नीचे दर्ज की गई। भूकंप के झटके लगभग 10 से 15 सेकंड तक महसूस किए गए। फिलहाल किसी बड़े जानमाल के नुकसान की सूचना नहीं है, लेकिन लोगों में भय का माहौल बना रहा।
क्यों आता है भूकंप -
वैज्ञानिकों के अनुसार पृथ्वी के अंदर कई टेक्टोनिक प्लेट्स मौजूद हैं, जो लगातार गतिशील रहती हैं। जब ये प्लेट्स आपस में टकराती या खिसकती हैं तो उस स्थान को फॉल्ट लाइन कहा जाता है। प्लेटों के लगातार दबाव और टकराव के कारण जब ऊर्जा अचानक बाहर निकलती है, तो धरती में कंपन होता है और भूकंप आता है।
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क्या होता है भूकंप का केंद्र -
भूकंप का केंद्र (एपीसेंटर) वह स्थान होता है जिसके ठीक नीचे पृथ्वी के भीतर ऊर्जा निकलती है। इसी स्थान पर कंपन सबसे ज्यादा महसूस होता है। जैसे-जैसे दूरी बढ़ती जाती है, झटकों का असर कम होता जाता है। हालांकि यदि भूकंप की तीव्रता 7 या उससे अधिक हो तो 40 किलोमीटर या उससे अधिक क्षेत्र में भी तेज झटके महसूस हो सकते हैं।
कैसे मापी जाती है भूकंप की तीव्रता -
भूकंप की तीव्रता मापने के लिए रिक्टर स्केल का उपयोग किया जाता है। इस पैमाने पर भूकंप को 1 से 9 के बीच मापा जाता है। भूकंप के दौरान पृथ्वी के भीतर से निकलने वाली ऊर्जा के आधार पर इसकी तीव्रता तय की जाती है। तीव्रता जितनी अधिक होती है, भूकंप का प्रभाव उतना ही ज्यादा खतरनाक माना जाता है।